मर्दाना कमजोरी का इलाज - इरेक्टाइल डिसफंक्शन का यूनानी इलाज
इरेक्टाइल डिसफंक्शन (ED) यानी इरेक्शन में कमज़ोरी - संबंध के लिए लिंग में पर्याप्त तनाव न आना या टिक न पाना। कभी-कभार ऐसा होना सामान्य है, लेकिन बार-बार होने पर यह आत्मविश्वास और रिश्ते दोनों पर असर डालता है। आम बोलचाल में इसे मर्दाना कमजोरी, नपुंसकता या namardi कहा जाता है।
ED कई बार शुगर, ब्लड प्रेशर, दिल या हार्मोन की समस्या का शुरुआती संकेत भी होता है। हाशमी दवाखाना, अमरोहा में पुरुष यौन समस्याओं के लिए यूनानी हकीम पहले पूरी जानकारी लेते हैं और फिर असली कारण को ध्यान में रखकर इलाज, खान-पान और जीवनशैली की सलाह देते हैं।

आम लक्षण
- लिंग में तनाव (erection) आने में दिक्कत
- संबंध से पहले या बीच में इरेक्शन ख़त्म हो जाना
- इरेक्शन पूरा सख़्त न होना
- सुबह के समय इरेक्शन कम होना
- इच्छा में कमी, घबराहट या संबंध से बचना
संभावित कारण
- शुगर (डायबिटीज़), हाई ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्रॉल या दिल की बीमारी
- टेस्टोस्टेरोन की कमी या थायरॉइड असंतुलन
- तनाव, चिंता, उदासी या रिश्ते की परेशानी
- धूम्रपान, शराब, गुटखा और व्यायाम की कमी
- कुछ दवाओं के साइड इफेक्ट
- मोटापा और कम नींद
यूनानी चिकित्सा में इलाज का तरीका
यूनानी चिकित्सा में यौन कमज़ोरी को दिल, दिमाग़, जिगर और प्रजनन अंगों की कमज़ोरी और मिज़ाज के असंतुलन से जोड़ा जाता है। इलाज का ध्यान इन अंगों को मज़बूत करने, रक्त संचार, ऊर्जा और मन की स्थिति सुधारने पर होता है।
क्योंकि ED के पीछे अक्सर शारीरिक कारण होते हैं, हकीम साहब आपकी शुगर, बीपी और चल रही दवाओं के बारे में पूछते हैं और ज़रूरत हो तो जांच की सलाह देते हैं। इलाज प्राकृतिक और व्यक्तिगत होता है।
- आपके मिज़ाज के अनुसार चुनी गई यूनानी दवा
- खान-पान से इलाज - क्या खाएं और किन चीज़ों से परहेज़ करें
- व्यायाम, वज़न और नींद की सलाह (इलाज बिल तदबीर)
- तनाव और परफॉर्मेंस एंग्जायटी के लिए काउंसलिंग
- शुगर या बीपी के चल रहे इलाज के साथ तालमेल
- पुरुषों की यौन समस्याओं के लिए यूनानी हकीम से आमने-सामने परामर्श
परामर्श (consultation) में क्या होता है
- 1फ़ोन, WhatsApp, वीडियो कॉल या अमरोहा क्लिनिक (हर दिन सुबह 11 से रात 8 बजे तक) में निःशुल्क और गोपनीय परामर्श लें।
- 2डॉ. हाशमी (BUMS, MD) आपके लक्षण, समस्या कब से है, खान-पान, नींद, जीवनशैली और चल रही दवाओं की पूरी जानकारी लेते हैं।
- 3आपके मिज़ाज (temperament) और सामान्य स्वास्थ्य का आकलन होता है; ज़रूरत हो तो जांच की सलाह दी जाती है।
- 4आपको व्यक्तिगत इलाज योजना, परहेज़ और जीवनशैली की सलाह मिलती है, और प्रगति देखने के लिए फ़ॉलो-अप होता है।
जीवनशैली से जुड़ी काम की बातें
- हफ़्ते में कम से कम 5 दिन 30 मिनट तेज़ चलें या व्यायाम करें
- शुगर, ब्लड प्रेशर और कोलेस्ट्रॉल को कंट्रोल में रखें
- धूम्रपान और गुटखा छोड़ें, शराब कम करें
- 7-8 घंटे सोएं - टेस्टोस्टेरोन ज़्यादातर नींद में बनता है
- बिना पर्चे की “सेक्स पावर” गोलियां न लें; इनमें छिपी दवाएं दिल की दवाओं के साथ ख़तरनाक हो सकती हैं
डॉक्टर को कब दिखाएं?
अगर इरेक्शन की समस्या कुछ हफ़्तों से ज़्यादा चल रही है, आपको शुगर, बीपी या दिल की बीमारी है, या ED के साथ सीने में दर्द, सांस फूलना या लिंग में दर्द है, तो डॉक्टर को ज़रूर दिखाएं। कम उम्र में अचानक ED होना भी जांच का कारण है।