शुक्राणु कम होने का इलाज - पुरुष बांझपन का यूनानी उपचार
संतान न होने के बहुत से मामलों में पुरुष से जुड़े कारण भी होते हैं। सीमेन जांच में सबसे आम समस्याएं हैं - शुक्राणु कम होना (ऑलिगोस्पर्मिया), शुक्राणुओं की गतिशीलता कम होना (sperm motility kam hona), आकार में गड़बड़ी, वीर्य पतला होना (veerya patla hona), या कभी-कभी शुक्राणु बिल्कुल न होना (शुक्राणुहीनता / azoospermia)।
हाशमी दवाखाना, अमरोहा में हकीम साहब आपकी सीमेन रिपोर्ट और सेहत की पूरी जानकारी देखकर शुक्राणु की कमी का यूनानी इलाज तय करते हैं, साथ में खान-पान, वज़न और जीवनशैली की सलाह देते हैं। शुक्राणु बनने में लगभग तीन महीने लगते हैं, इसलिए इस दौरान लगातार इलाज ज़रूरी है।

आम लक्षण
- 12 महीने तक नियमित संबंध के बाद भी गर्भ न ठहरना
- सीमेन रिपोर्ट में शुक्राणु कम, कमज़ोर या असामान्य आकार के होना
- वीर्य पतला या मात्रा में कम होना
- कुछ पुरुषों में इच्छा या इरेक्शन में कमी
- कुछ मामलों में अंडकोष में दर्द या सूजन (वेरिकोसील)
संभावित कारण
- वेरिकोसील (अंडकोष की नसों का फूलना)
- हार्मोन असंतुलन - टेस्टोस्टेरोन, थायरॉइड या प्रोलैक्टिन
- पुराने इन्फ़ेक्शन जैसे गलसुआ (मम्प्स) या अनुपचारित गुप्त रोग
- धूम्रपान, शराब, तंबाकू, मोटापा और ख़राब खान-पान
- गर्मी - टाइट अंडरवियर, गोद में लैपटॉप, देर तक बैठे रहना
- तनाव, कम नींद और कुछ दवाएं
यूनानी चिकित्सा में इलाज का तरीका
यूनानी चिकित्सा शुक्राणुओं की सेहत को प्रजनन अंगों की ताक़त, अच्छे पाचन और पोषण से जोड़ती है। इलाज का मक़सद पोषण (तक़वियत) देना और मिज़ाज को संतुलित करना है, हर व्यक्ति के लिए अलग दवा से।
हम हमेशा हाल की सीमेन जांच से शुरुआत करते हैं और ज़रूरत हो तो और जांच की सलाह देते हैं। बड़े वेरिकोसील या नली में रुकावट जैसी स्थिति में स्पेशलिस्ट की ज़रूरत हो सकती है - ऐसा होने पर हम आपको साफ़-साफ़ बताते हैं।
- शुक्राणु संख्या, गतिशीलता और वीर्य की गुणवत्ता के लिए व्यक्तिगत यूनानी दवा (sperm count ka unani ilaj)
- ज़िंक, प्रोटीन और एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर खान-पान (इलाज बिल ग़िज़ा)
- वज़न, व्यायाम, गर्मी से बचाव और नींद की सलाह
- लगभग 3 महीने बाद दोबारा सीमेन जांच से प्रगति का आकलन
- पति-पत्नी दोनों को साथ में सलाह
- कम शुक्राणु, कमज़ोर गतिशीलता या पतले वीर्य की देखभाल; शुक्राणु न मिलने पर जांच और विशेषज्ञ के पास रेफ़रल
परामर्श (consultation) में क्या होता है
- 1फ़ोन, WhatsApp, वीडियो कॉल या अमरोहा क्लिनिक (हर दिन सुबह 11 से रात 8 बजे तक) में निःशुल्क और गोपनीय परामर्श लें।
- 2डॉ. हाशमी (BUMS, MD) आपके लक्षण, समस्या कब से है, खान-पान, नींद, जीवनशैली और चल रही दवाओं की पूरी जानकारी लेते हैं।
- 3आपके मिज़ाज (temperament) और सामान्य स्वास्थ्य का आकलन होता है; ज़रूरत हो तो जांच की सलाह दी जाती है।
- 4आपको व्यक्तिगत इलाज योजना, परहेज़ और जीवनशैली की सलाह मिलती है, और प्रगति देखने के लिए फ़ॉलो-अप होता है।
जीवनशैली से जुड़ी काम की बातें
- ढीले सूती अंडरवियर पहनें, बहुत गर्म पानी से नहाने और गोद में लैपटॉप रखने से बचें
- धूम्रपान, तंबाकू और शराब छोड़ें
- मेवे, बीज, अंडे, दालें, फल और हरी सब्ज़ियां खाएं
- वज़न संतुलित रखें और मध्यम व्यायाम करें
- तनाव कम करें और 7-8 घंटे सोएं
डॉक्टर को कब दिखाएं?
अगर 12 महीने कोशिश के बाद भी गर्भ नहीं ठहरा है (पत्नी की उम्र 35 से ज़्यादा हो तो 6 महीने), अंडकोष में चोट, सर्जरी या सूजन रही है, या सीमेन रिपोर्ट असामान्य आई है, तो डॉक्टर से मिलें।